Sunday, 10 December 2017

युरोप में रहने वाले यीयान्नी मेलस ने किया जैन धर्म की विधि से मास खमण

ग्रीस देश (युरोप)में रहने वाले  यीयान्नी मेलस नॉन जैन ने किया जैन धर्म की विधि से मास खमण की तपस्या
शासन स्तंभ श्रद्धेय मंत्री मुनि श्री के सानिध्य में ग्रीस से समागत श्री ने जयपुर में दर्शन किए और जैन दर्शन के बारे में जानकारियां प्राप्त की ।स्वयं के भीतर जो एक इच्छा थी कि मैं भी जैन धर्म के अनुसार निराहार रहकर तपस्या करूं। मंत्री मुनि श्री से 7 दिनों की तपस्या का प्रत्याख्यान लेकर अपने देश ग्रीस चले गए आगे से आगे उनके भावना बढ़ गई और 30 दिनों की तपस्या मासखमण निराहार किया। मास खमण की अंतिम दिन मंत्री मुनिश्री के दर्शन करने वापस जयपुर आए और अपनी तपस्या का सब अनुभव बताएं मुनि श्री उदित कुमार जी ने अंग्रेजी में बातचीत के दौरान उनकी भावनाओं को अनुमोदन किया ।श्री सुधीर जी कोठारी के खास मित्र तपस्वी अपने आप को धन्यता का अनुभव कर रहे थे। मंत्री मंत्री ने तपस्या के महत्व को बताते हुए आगे पारणे के बाद भी खाद्य संयम रखने की प्रेरणा दी। इस अवसर पर तेरापंथी सभा के उपाध्यक्ष श्री हिम्मत जी दोसी और अनुविभा जयपुर के मंत्री श्री सुधीर जी कोठारी ने साहित्य के द्वारा तपस्वी का सम्मान किया

No comments:

Post a Comment